ASHOK MARTIN MINISTRIES

Daily Bread (Hindi)

आपके बुलाहट की महिमा

*आपके बुलाहट की महिमा* `क्योंकि हर एक महायाजक मनुष्यों में से लिया जाता है, और मनुष्यों ही के लिये उन बातों के विषय में जो परमेश्वर से सम्बन्ध रखती हैं, ठहराया जाता है: कि भेंट और पाप बलि चढ़ाया करे।और यह आदर का पद कोई अपने आप से नहीं लेता, जब तक कि हारून की […]

आपके बुलाहट की महिमा Read More »

तुम छोटे नहीं हो!

*तुम छोटे नहीं हो!* `और मैं ने स्वर्ग से यह शब्द सुना, कि लिख; जो मुरदे प्रभु में मरते हैं, वे अब से धन्य हैं, आत्मा कहता है, हां क्योंकि वे अपने परिश्र्मों से विश्राम पाएंगे, और उन के कार्य उन के साथ हो लेते हैं॥” प्रकाशितवाक्य 14:13 NIV` परमेश्वर का सेवक होना मनुष्यों की

तुम छोटे नहीं हो! Read More »

आपका परिश्रम व्यर्थ नहीं है

*आपका परिश्रम व्यर्थ नहीं है* `”सो हे मेरे प्रिय भाइयो, दृढ़ और अटल रहो, और प्रभु के काम में सर्वदा बढ़ते जाओ, क्योंकि यह जानते हो, कि तुम्हारा परिश्रम प्रभु में व्यर्थ नहीं है!”1 कुरिन्थियों 15:58` आपका परिश्रम व्यर्थ नहीं है। कभी-कभी, ऐसा लग सकता है कि यह व्यर्थ है। आप प्रभु के काम और

आपका परिश्रम व्यर्थ नहीं है Read More »

आपके समय का सबसे बढ़िया और सर्वोत्तम उपयोग यह है

*आपके समय का सबसे बढ़िया और सर्वोत्तम उपयोग यह है* `“…ज्यादातर लोग जिन चीज़ों को महत्वपूर्ण समझते हैं, वे परमेश्वर के लिए बेकार हैं।” लूका 16:15` CEV अनुवाद दुनिया के मूल्य अक्सर परमेश्वर के मूल्यों के बिल्कुल विपरीत होते हैं। समाज जिन बातों को महत्व देता है, वह परमेश्वर की नज़र में बहुत कम महत्व

आपके समय का सबसे बढ़िया और सर्वोत्तम उपयोग यह है Read More »

बाइबल पढ़ने का उद्देश्य – परमेश्वर को खोजना

*बाइबल पढ़ने का उद्देश्य – परमेश्वर को खोजना* _`तुम मुझे ढूंढ़ोगे और पाओगे भी; क्योंकि तुम अपने सम्पूर्ण मन से मेरे पास आओगे। (यिर्मयाह 29:13)`_ हम में से बौहतों के लिए वचन पढ़ने का उद्देश्य सिर्फ प्रतिदिन पूरा करने वाली एक प्रथा या क्रिया बन कर रह गया है। ऐसा करने से हम वचन पढ़ने

बाइबल पढ़ने का उद्देश्य – परमेश्वर को खोजना Read More »

लोगों के सामने खुद को सही साबित करने की कोशिश करना बंद करो

*लोगों के सामने खुद को सही साबित करने की कोशिश करना बंद करो* `“तुम तो मनुष्यों के साम्हने अपने आप को धर्मी ठहराते हो: परन्तु परमेश्वर तुम्हारे मन को जानता है, क्योंकि जो वस्तु मनुष्यों की दृष्टि में महान है, वह परमेश्वर के निकट घृणित है।” लूका 16:15` अपने आप को सही साबित करने की

लोगों के सामने खुद को सही साबित करने की कोशिश करना बंद करो Read More »

उसके लिए बलिदान किया गया जीवन

*उसके लिए बलिदान किया गया जीवन* `“क्योंकि यह मसीह का प्रेम है जो हमारे जुनून को बढ़ाता है और हमें मजबूती से थामे रखता है, क्योंकि हम आश्वस्त हैं कि उसने हम सभी के लिए अपना जीवन दिया है। इसका मतलब है कि सभी उसके साथ मर गए, ताकि जो जीवित हैं वे अब स्वार्थी

उसके लिए बलिदान किया गया जीवन Read More »

इसे क्यों बरबाद किया गया?

*इसे क्यों बरबाद किया गया?* `“जब वह बैतनिय्याह में शमौन कोढ़ी के घर भोजन करने बैठा हुआ था तब एक स्त्री संगमरमर के पात्र में जटामांसी का बहुमूल्य शुद्ध इत्र लेकर आई; और पात्र तोड़ कर इत्र को उसके सिर पर उण्डेला।परन्तु कोई कोई अपने मन में रिसयाकर कहने लगे, इस इत्र को क्यों सत्यनाश

इसे क्यों बरबाद किया गया? Read More »

समाधान बनो!

*समाधान बनो!* `तेरे पराक्रम का राजदण्ड यहोवा सिय्योन से बढ़ाएगा। तू अपने शत्रुओं के बीच में शासन कर। भजन संहिता 110:2` इस समय पृथ्वी पर अंधकार, उदासी और खोखलापन व्याप्त है। ऐसा इसलिए है कि लोगों को अपने सभी प्रश्नों के उत्तर खोजने के लिए मजबूर होना पड़े, जो केवल परमेश्वर में ही मिलेंगे। _क्योंकि

समाधान बनो! Read More »

आग से भरे लोगों की सेना

*आग से भरे लोगों की सेना* जैसे भोर का प्रकाश पहाड़ों पर फैलता है, वैसे ही एक बड़ी और सामर्थी जाति आएगी; प्राचीनकाल में वैसी कभी न हुई, और न उसके बाद भी फिर किसी पीढ़ी में होगी। उसके आगे आगे तो आग भस्म करती जाएगी, और उसके पीछे पीछे लौ जलती जाएगी। उसके आगे

आग से भरे लोगों की सेना Read More »

Scroll to Top
Call Now Button